STORY
तूफ़ान में घिरा पहाड़ी किला।
गहरी रात के अँधेरे को चीरता हुआ एक अकेला निंजा मुख्य बुर्ज की ओर दौड़ता है।
“निंजा: स्वर्गीय वज्र व्यूह” जापानी रंग लिए एक कल्पनालोक संगीत-रचना है, जो निंजा के शांत तनाव और उस क्षण को चित्रित करती है जब नियति प्रबल गति से करवट लेने लगती है।
शामिसेन, शाकुहाची, शिनोबुए, कोतो और वादाइको जैसे जापानी अहसास जगाने वाले स्वरों में आधुनिक J-pop के तत्व मिलाकर, संगीत के माध्यम से एक ऐसी कथा कही गई है जो निस्तब्धता से भव्य विस्तार तक खुलती जाती है।
पीछा करने वालों से बचकर और अँधेरा पार करके, निंजा अंत में संकेत-धुएँ की एक पतली लकीर छोड़ता है।
उस छोटी-सी रोशनी के संकेत पर सोए हुए पहाड़ जाग उठते हैं और अंततः “स्वर्गीय वज्र व्यूह” सक्रिय होने लगता है।
आशा है आप निस्तब्धता में तने तनाव, दौड़ते निंजा की तीव्र गति और भोर की ओर फैलते जापानी संसार का आनंद लेंगे।
अँधेरे के पार प्रतीक्षा करती एक नई सुबह की ओर।
जापानी सुरों के साथ, रात भर दौड़ते निंजा की इस एक-रात की कथा को महसूस कीजिए।









